Connect with us

News

नशाखोरी रोकने के लिए ब्रह्माकुमारी बहनों का प्रयास सराहनीय… सुनील सोनी, सांसद

Published

on

विश्व तम्बाकू निषेध दिवस के अवसर पर प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्व विद्यालय द्वारा अन्तर्राज्यीय बस टर्मिनल भाठागांव और रेल्वे स्टेशन रायपुर के मुख्य प्रवेश द्वार क्रमांक-2 में एक दिन के लिए नशा मुक्ति आध्यात्मिक प्रदर्शनी का आयोजन किया गया।

अन्तर्राज्यीय बस टर्मिनल भाठागांव में आयोजित नशा मुक्ति आध्यात्मिक प्रदर्शनी का उद्घाटन लोकसभा सांसद सुनील सोनी, निगम आयुक्त मयंक चतुर्वेदी और रायपुर सेवाकेन्द्र की संचालिका ब्रह्माकुमारी सविता दीदी ने किया। इसी तरह रेल्वे स्टेशन में आयोजित प्रदर्शनी का शुभारम्भ मुख्य स्टेशन प्रबन्धक सी. एस. महापात्र ने किया।

इस अवसर पर सांसद सुनील सोनी ने कहा कि स्वस्थ समाज बनाने के लिए लोगों को नशामुक्त बनाना जरूरी है। विशेषकर तम्बाकू से होने वाले नुकसान के बारे में सचेत करके ही लोगों को इसके सेवन से बचाया जा सकता है। इस दिशा में ब्रह्माकुमारी आश्रम की बहनों ने नशामुक्ति आध्यात्मिक प्रदर्शनी का आयोजन कर सराहनीय प्रयास किया है। मैं उन्हें बधाई देना चाहता हूँ।

निगम आयुक्त मयंक चतुर्वेदी (आईएएस) ने आयोजन की प्रशंसा करते हुए कहा कि प्रदर्शनी के माध्यम से नशाखोरी के कारण व्यक्ति और समाज पर उसके दुष्प्रभाव तथा उसके निवारण के बारे में वैज्ञानिक ढंग से विश्लेषण किया गया है। अन्तर्राज्यीय बस टर्मिनल में प्रतिदिन हजारों लोगों का आना-जाना होता है, ऐसी जगह पर नशा मुक्ति आध्यात्मिक प्रदर्शनी का आयोजन करने से निश्चित रूप से हजारों यात्रियों को प्रेरणा मिलेगी।

जोन कमिश्नर राजेश जायसवाल ने कहा कि समाज को जागरूक करने का पवित्र कार्य ब्रह्माकुमारी बहनें कर रही हैं। ऐसी प्रदर्शनियाँ स्कूल और कालेज में भी लगाने चाहिए।

पार्षद जितेन्द्र अग्रवाल ने कहा कि समाज में नशा एक अभिशाप की तरह फैल रहा है। लोग तनाव के कारण नशाखोरी के शिकार होकर अपने जीवन को नर्क बना रहे हैं। यह प्रदर्शनी मानव कल्याण के लिए महत्वपूर्ण है। ऐसी प्रदर्शनियाँनिरन्तर आयोजित होते रहना चाहिए।

डीएसपी सुरेश ध्रुव ने कहा कि तम्बाकू और उसके उत्पाद का शरीर और मन पर गहरा दुष्प्रभाव पड़ता है। जन जागरूकता के लिए यह सराहनीय प्रयास है।
रेल्वे के मुख्य स्टेशन मैनेजर सी. एस. महापात्र ने कहा कि नशामुक्ति प्रदर्शनी में सुन्दर ढंग से नशे के दुष्प्रभाव के बारे में सचेत किया गया है। बहनों ने अच्छी तरह से व्याख्या करके समझाया। प्रदर्शनी सराहनीय है।

ब्रह्माकुमारी संस्थान की रायपुर संचालिका ब्रह्माकुमारी सविताा दीदी ने कहा कि हमारा शरीर एक मन्दिर के समान है जिसमें चैतन्य आत्मा विराजमान रहती है, अत: हमें दुव्र्यसनों का सेवन कर इस मन्दिर को अपवित्र नही करना चाहिए। उन्होने अभिभावकों को सुझाव देते हुए कहा कि अपने बच्चों के लिए प्रतिदिन समय निकालकर थोड़ा समय उनके साथ व्यतीत करें, घर में नशे की कोई भी सामग्री नही रखें और स्वयं व्यसनों से मुक्त रहकर अपने बच्चों के आगे अच्छा उदाहरण प्रस्तुत करें।